BSNL-MTNL को आर्थिक संकट से उबारने के लिए सरकार का बड़ा फैसला

काफी समय से आर्थिक संकट से गिरी हुई भारत की सरकारी टेलिकॉम कंपनी BSNL-MTNL अब कुछ आर्थिक संकट से बाहर आती नजर आरही है। क्योंकि, सरकार ने कंपनी को आर्थिक संकट से उबारने के लिए एक बड़ा फैसला लिया है।
BSNL-MTNL को आर्थिक संकट से उबारने के लिए सरकार का बड़ा फैसला
BSNL-MTNL network will use in all government departmentsKavita Singh Rathore -RE

राज एक्सप्रेस। काफी समय से आर्थिक संकट से गिरी हुई भारत की एकलौती सरकारी टेलिकॉम कंपनी भारत संचार निगम लिमिटेड (BSNL) और MTNL (दोनों कंपनियां मर्ज हो चुकी हैं) अब कुछ आर्थिक संकट से बहार आती नजर आरही हैं। क्योंकि, सरकार ने अब इस कंपनी को आर्थिक संकट से उबारने के लिए कंपनी से जुड़ा एक बड़ा फैसला लिया है।

आर्थिक संकट होगा कुछ कम :

दरअसल, टेलिकॉम कंपनी भारत संचार निगम लिमिटेड (BSNL) और महानगर टेलीफोन निगम लिमिटेड (MTNL) काफी समय से आर्थिक संकट से जूझ रही है जिसको कम करने के लिए केन्द्र सरकार ने बड़ा फैसला लेते हुए सभी मंत्रालयों, सरकारी विभागों और PSU के लिए BSNL और MTNL की टेलीकॉम सेवा को अनिवार्य कर दिया है। इसके लिए दूरसंचार विभाग (DoT) द्वारा इससे जुड़े मेमोरेंडम को भी जारी कर दिया है। सरकार के इस फैसले से कंपनी आर्थिक संकट से कुछ बाहर आएंगी।

दूरसंचार विभाग का मेमोरेंडम :

दूरसंचार विभाग द्वारा जारी मेमोरेंडम जारी कर इस बारे में जानकारी दी गई है। दूरसंचार विभाग के मेमोरेंडम में साफ तौर पर कहा गया है कि, अब से सभी मंत्रालयों और विभागों को सेंट्रल ऑटोनॉमस ऑर्गनाइजेशन (CPSEs) सहित सभी केंद्रीय संस्थाएं BSNL और MTNL के नेटवर्क का ही इस्तेमाल करेंगे। इसके लिए जरूरी निर्देश जारी करने के आदेश दिए गए हैं।BSNL और MTNL के नेटवर्क के तहत कंपनी का इंटरनेट, ब्रॉडबैंड लैंडलाइन और लीज्ड लाइन रिक्वायरमेंट के लिए इस्तेमाल होगा।

काफी समय से कर रही आर्थिक मंदी का सामना :

गौरतलब है कि, BSNL कंपनी पिछले कुछ समय से लगातार आर्थिक मंदी का सामना कर रही है। इसी के चलते कंपनी ने अपने 50 साल से ऊपर के कर्मचारियों के लिए VRS योजना भी लेकर आई थी। इसके अलावा वित्त वर्ष 2019-20 में BSNL को 15500 करोड़ का और MTNL को 369 करोड़ का घाटा भी उतना पड़ा था। इतना ही नहीं प्राइवेट कंपनियों की लगातार जारी प्रतिस्पर्धा के चलते यह कंपनी अपने सब्सक्राइबर भी खोती जा रही है।

ताज़ा ख़बर पढ़ने के लिए आप हमारे टेलीग्राम चैनल को सब्स्क्राइब कर सकते हैं। @rajexpresshindi के नाम से सर्च करें टेलीग्राम पर।

Related Stories

Raj Express
www.rajexpress.co