Google Deleted 5000 App from Play Store
Google Deleted 5000 App from Play Store|Kavita Singh Rathore -RE
व्यापार

Google ने की प्ले स्टोर से 5000 ऐप्स की छटनी

2 सितंबर को सरकार द्वारा PubG समेत 118 ऐप्स बैन होने के बाद आज यानि गुरुवार को Google कंपनी द्वारा अपने प्ले स्टोर (Google Play Store) से 5000 अन्य ऐप्स को हटा दिया गया है।

Kavita Singh Rathore

Kavita Singh Rathore

राज एक्सप्रेस। Google कंपनी अपने प्ले स्टोर (Google Play Store) को समय-समय पर अपडेट करती रहती है। कई बार यह कंपनियां यूजर्स को नुकसान पहुंचाने वाली या अननेसेसरी ऐप्स को हटा भी देती है। पिछले कुछ समय से स्टोर से ऐप्स हटाने का सिलसिला लगातार चल रहा है। कभी ऐप पर बैन लगने पर ऐप्स को स्टोर से हटाया जा रहा तो कभी किसी और कारण से। दरअसल, दुनिया भर में अपना लोहा मनवाने वाली कंपनी Google ने अपने प्ले स्टोर से एक बार फिर 5000 ऐप्स हटाने से जुड़ी बड़ी कार्रवाई की है।

क्यों हटाईं ऐप्स :

दरअसल, 2 सितंबर को सरकार द्वारा PubG समेत 118 ऐप्स बैन होने के बाद आज यानि गुरुवार को Google द्वारा प्ले स्टोर से 5000 अन्य ऐप्स को हटा दिया गया है। 'White Ops Satori मोबाइल सिक्यॉरिटी टीम' के अनुसार, हाल ही में 65 हजार फोन पर TERRACOTTA विज्ञापन के माध्यम से धोखाधड़ी होने की खबर सामने आई है। इसी मामले के चलते Google ने सामने आई 5,000 फर्जी ऐप्स को डिलीट कर दिया है।

फ्री का झांसा देती थीं ऐप्स :

बता दें, यह ऐप्स अपने यूजर्स को फ्री में सब्सक्रिप्शन, प्रोडक्ट्स पर डिस्काउंट, शूज, स्नीकर्स और कॉन्सर्ट टिकट देने का झांसा देती थीं। झासें में आकर जैसे ही यूजर्स इन ऐप्स को अपने फ़ोन में इंस्टॉल कर लेते हैं वैसे ही ये सबसे पहले अपने APK कोड को मॉडिफाइड कर देते हैं। यह गैरकानूनी गतिविधियां होने के कारण इससे यूजर्स को नुकसान उठाना पड़ता है। Google ने प्ले स्टोर से 5000 एंड्रॉयड ऐप्स को हटाने जैसा बड़ा फैसला यूजर्स को हो रहे नुकसान के चलते लिया है। Google कंपनी ने इन फर्जी ऐप्स से जुड़ी जानकारी जुटाने के लिए जानी मानी सुरक्षा फर्म व्हाइट ऑप्स सटोरि थ्रेट इंटेलिजेंस एंड रिसर्च के साथ साझेदारी भी की है।

सिक्योरिटी सिस्टम इस तरह बचती हैं ऐप्स :

बताते चलें इस तरह की ऐप्स यूजर्स के फ़ोन के सिक्योरिटी सिस्टम की नज़रों में भी नहीं आती हैं। जब भी यूजर्स इस तरह की फर्जी ऐप्स को इंस्टॉल करता है, ये सबसे पहले अपने APK कोड को मॉडिफाइड कर देते हैं। जिससे यह ऐप्स स्मार्टफोन के सिक्योरिटी सिस्टम से बच जाते हैं। लेकिन इसके बाद यूजर्स को अपने स्मार्टफोन की स्क्रीन पर बार-बार विज्ञापन दिखाई देते हैं। यह ऐप इन विज्ञापन के द्वारा ही करोड़ों की कमाई करती हैं। इन ऐप्स के जरिये हो रही धोखाधड़ी में ग्राहकों और विज्ञापनदाताओं दोनों को बेवकूफ बनाया जा रहा है।

ताज़ा ख़बर पढ़ने के लिए आप हमारे टेलीग्राम चैनल को सब्स्क्राइब कर सकते हैं। @rajexpresshindi के नाम से सर्च करें टेलीग्राम पर।

Raj Express
www.rajexpress.co