शिशुओं के साथ यात्रा करने वाली माँओं के लिए रेलवे ने ईजाद की बेबी बर्थ
शिशुओं के साथ यात्रा करने वाली माँओं के लिए रेलवे ने ईजाद की बेबी बर्थRaj Express

शिशुओं के साथ यात्रा करने वाली माँओं के लिए रेलवे ने ईजाद की बेबी बर्थ

भारतीय रेलवे ने अपने नवजात शिशुओं के साथ यात्रा करने वाली महिला यात्रियों की जरूरतों के प्रति संवेदनशीलता का परिचय देते हुए निचली बर्थ में अतिरिक्त एवं सुरक्षित बेबी बर्थ ईजाद की है।

नई दिल्ली। भारतीय रेलवे ने अपने नवजात शिशुओं के साथ यात्रा करने वाली महिला यात्रियों की जरूरतों के प्रति संवेदनशीलता का परिचय देते हुए निचली बर्थ में अतिरिक्त एवं सुरक्षित बेबी बर्थ ईजाद की है। इस प्रयोग के कामयाब होने पर उसे अन्य गाड़यिों में विधिवत शुरू किया जाएगा।

रेलवे के आधिकारिक सूत्रों के अनुसार लखनऊ और दिल्ली के बीच मुरादाबाद चलने वाली लखनऊ मेल के वातानुकूलित तृतीय श्रेणी के बी-4 कोच में बर्थ संख्या 12 और बर्थ संख्या 60 पर प्रायोगिक रूप से बेबी बर्थ लगायी है।

सूत्रों ने बताया कि बेबी बर्थ को एसी 3 कोचों के लिए ही डिज़ाईन किया गया है क्योंकि एसी 2 और एसी 1 में बर्थ की चौड़ाई अधिक रहती है। सूत्रों के अनुसार यह बेबी बर्थ करीब तीन फुट लंबी और लगभग एक फुट चौड़ी है और यह निचली बर्थ के नीचे फोल्ड रहती है। बच्चा मां के साथ में यात्रा कर रहा है तो मां यह बर्थ खोल कर बच्चे के साथ आरामपूर्वक विश्राम कर सकती है। बेबी बर्थ में किनारे की ओर बाउंड्री रॉड लगायी गयी है ताकि बच्चा गिर ना जाये। भारतीय रेलवे ने मातृ दिवस के अवसर पर यह पहल शुरू की है।

सूत्रों ने बताया कि इस प्रयोग की सफलता, बच्चे के साथ यात्रा करने वाली महिलाओं के अनुभव से तय होगी। ऐसी महिला यात्रियों के फीडबैक के आधार पर बेबी बर्थ की डिज़ाईन में बदलाव भी किये जा सकते हैं। उन्होंने कहा कि यदि यह प्रयोग सफल रहा तो फिर इसे धीरे धीरे चुनिंदा गाड़ीयों में लगाया जाएगा और टिकट बुकिंग प्रणाली में अलग से उल्लिखित भी किया जाएगा।

बेबी बर्थ के लिए अलग से शुल्क लिये जाने या नहीं लिये जाने के बारे में पूछे जाने पर सूत्रों ने कहा कि इस बारे में अभी कुछ सोचा नहीं गया है। यदि यह पहल लोकप्रिय हुई और इसे अपनाने का फैसला हुआ तो फिर इन सवालों पर गौर किया जाएगा।

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