फरमान की तरह आयी कमलनाथ के नाम राज्यपाल की दूसरी चिट्ठी!
फरमान की तरह आयी कमलनाथ के नाम राज्यपाल की दूसरी चिट्ठी!|Deepika Pal - RE
मध्य प्रदेश

फरमान की तरह आयी कमलनाथ के नाम राज्यपाल की दूसरी चिट्ठी!

भोपाल, मध्यप्रदेश: प्रदेश की राजनीति में विधानसभा सत्र से थी स्थिति साफ होने की उम्मीद, फिर 2 दिन में सीएम कमलनाथ के नाम राज्यपाल की दूसरी चिट्ठी हुई जारी।

Deepika Pal

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राज एक्सप्रेस। मध्यप्रदेश के राजनीतिक तिकड़म में आए दिन नए मोड़ सामने आते जा रहे हैं, जिसमें जहां बीते दिन विधानसभा सत्र आगामी 26 मार्च तक के लिए स्थगित हुआ तो वहीं भाजपा नेताओं ने फ्लोर टेस्ट कराए जाने को लेकर सुप्रीम कोर्ट में दायर की अर्जी। इस बीच फिर एक बार प्रदेश के राज्यपाल लालजी टंडन द्वारा मुख्यमंत्री कमलनाथ के नाम फ्लोर टेस्ट को लेकर पत्र लिखा गया है। जिसके साथ ही दो दिन में दो चिट्ठी अब तक जारी की जा चुकी है। पत्र में राज्यपाल ने आज यानि 17 मार्च को फ्लोर टेस्ट कराने की बात कही है।

पत्र लिखकर अफसोस किया व्यक्त

इस संबंध में बीते दिन शाम पांच बजे के करीब प्रदेश के राज्यपाल लाल जी टंडन ने मुख्यमंत्री कमलनाथ को पत्र लिखकर कहा कि, ‘आप 17 मार्च को विधानसभा में फ्लोर टेस्ट कराएं और बहुमत साबित करें, अन्यथा यह माना जाएगा कि वास्तव में आपको विधानसभा में बहुमत प्राप्त नहीं है।’यह खेद की बात है कि आपने मेरे द्वारा आपको दी गई समयावधि में अपना बहुमत सिद्ध करने की बजाय पत्र लिखकर विधानसभा में फ्लोर टेस्ट कराने में अपनी असमर्थता व्यक्त की/आनाकानी की, जिसका कोई भी औचित्य और आधार नहीं है। आपने फ्लोर टेस्ट नहीं कराने के जो कारण दिए हैं, वे आधारहीन और अर्थहीन हैं। बता दें कि, इस पत्र से पूर्व ही राज्यपाल टंडन ने 14 मार्च को कमलनाथ से 16 मार्च को फ्लोर टेस्ट कराने की बात कही थी लेकिन रविवार रात कमलनाथ ने उनसे मुलाकात की और बताया कि सोमवार को फ्लोर टेस्ट नहीं होगा। बताया जाता है कि इस बात से राज्यपाल नाराज थे।

लोकतंत्र बचाने की मेरी जिम्मेदारी- राज्यपाल टंडन

बता दें कि, भाजपा, अपने सभी विधायकों को राज्यपाल टंडन के पास ले गई थी जहां विधायकों की परेड लगवाई गई थी। साथ ही राज्यपाल टंडन ने भाजपा विधायकों से जवाब तलब भी किया। जिसमें राज्यपाल ने भाजपा विधायकों से पूछा था- स्वेच्छा से आए हैं? इस पर विधायकों ने एक साथ ‘हां’ में जवाब दिया। राज्यपाल ने पूछा- कोई दबाव तो नहीं? विधायकों ने कहा- बिल्कुल नहीं। राज्यपाल ने कहा- अब लोकतंत्र बचाने की जिम्मेदारी मेरी है। आपके अधिकारों का हनन नहीं होगा। वहीं इधर बीजेपी के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह द्वारा फ्लोर टेस्ट को लेकर सुप्रीम कोर्ट में अर्जी लगाई गई थी जिस पर आज मंगलवार को सुनवाई होनी है।

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