Raj Express
www.rajexpress.co
कल से प्रदेश में ब्लैकआउट करने की चेतावनी
कल से प्रदेश में ब्लैकआउट करने की चेतावनी |Gaurav Jain
मध्य प्रदेश

कल से प्रदेश में ब्लैकआउट करने की चेतावनी

मला संत सिंगाजी थर्मल पावर प्लांट में मजदूर की मौत , एक हजार के लगभग इंजीनियर और अधिकारियों ने दिए इस्तीफा, कल से प्रदेश में ब्लैकआउट करने की दी है चेतावनी

Gaurav Jain

राज एक्सप्रेस। मध्य प्रदेश के खंडवा जिले में स्थित श्री सिंगाजी ताप परियोजना में विगत 26 सितंबर से सभी यूनिट बंद हैं और बिजली बनाने का काम भी ठप पड़ा हुआ है। 5 दिन पहले एक पंप ऑपरेटर की ड्यूटी के दौरान थर्मल पावर के रिजरवायर में डूबने से मौत हो गई थी। इसी घटनाक्रम को लेकर ग्रामीण ताप परियोजना के अंदर घुस गए और मृतक के शव को गेट पर रखकर प्रदर्शन किया था। प्रदर्शन के दौरान सिंगाजी ताप परियोजना के मुख्य अभियंता सहायक अभियंता और कई कर्मचारी जब ग्रामीणों से बातचीत के लिए पहुंचे तो उनके साथ ग्रामीणों ने मारपीट की।

26 सितंबर की शाम को ही मुंदी पुलिस थाने पर इस मामले में एक आवेदन देकर प्रकरण दर्ज करने की मांग की गई थी। जिस पर क्षेत्रीय विधायक नारायण पटेल के पुत्र दीपक पटेल पर भी आरोप लगाए गए थे। पुलिस ने जांच की बात कहकर एफआईआर दर्ज नहीं की थी। तभी से ताप परियोजना के समस्त अधिकारी और कर्मचारी हड़ताल पर चले गए। कर्मचारी संगठनों ने खंडवा कलेक्टर और एसपी से मिलकर भी प्रकरण दर्ज करने की मांग की और आंदोलन की चेतावनी दी थी, लेकिन इनकी सुनवाई नहीं होने पर अब इस मामले में आंदोलन को और उग्र कर दिया गया है।

मध्य प्रदेश पावर जेनरेटिंग एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष कुलदीप सिंह गुर्जर ने बताया कि सिंगाजी ताप परियोजना में काम पूरी तरह से बंद कर दिया गया है और अब हमारे सभी संगठन प्रदेश भर में चरणबद्ध आंदोलन करेंगे। 1 अक्टूबर से पश्चिम विद्युत वितरण कंपनी के कर्मचारी अपना सभी तरह का काम बंद कर देंगे और किसी भी प्रकार की कंप्लेन को अटेंड नहीं करेंगे। 3 अक्टूबर को मध्य क्षेत्र यानी भोपाल क्षेत्र में ब्लैकआउट किया जाएगा। 4 अक्टूबर को पूर्वी क्षेत्र यानी जबलपुर क्षेत्र में कंपनी के सभी अधिकारी कर्मचारी ब्लैकआउट करेंगे।

क्या है मांगे

26 सितंबर को परियोजना क्षेत्र में हंगामा करने वाले सभी आरोपियों पर प्रकरण दर्ज किया जावे।

परियोजना क्षेत्र को सीआईएसएफ बल की सुरक्षा प्रदान की जाए।

परियोजना में कार्यरत सभी महिला पुलिस अधिकारी कर्मचारियों को आवासीय परिसर में सुरक्षा प्रदान की जाए।

ताप परियोजना में अनाधिकृत व्यक्तियों का प्रवेश पूरी तरह से बंद कराया जाए।