बकायादार कर्ज छुपाने कटवा रहा वाहन
बकायादार कर्ज छुपाने कटवा रहा वाहन|Raj Express
मध्य प्रदेश

उमरिया : बकायादार कर्ज छुपाने कटवा रहा वाहन

पुलिस से कटे हुए वाहन से भरे हुए ट्रक को गुमराह कर छुड़वाने वाले और छत्तीसगढ़ और मध्यप्रदेश शासन को लाखों के राजस्व का चूना लगाने वाले कथित ट्रांसपोर्टर पर पुलिस और प्रशासन की कब पड़ेगी नजर?

Afsar Khan

हाइलाइट्स :

  • सिंह ट्रांसपोर्ट की करतूतों पर कब पड़ेगी नजर

  • सतकतार, के.के. माईनिंग व सिंह ट्रांसपोर्ट पर लाखों बकाया

उमरिया, मध्य प्रदेश। जोहिला क्षेत्र में कोयला खदानों में काम करने वाली छत्तीसगढ़ के मनेन्द्रगढ़ की कंपनियां सतकतार, के.के. माईनिंग व सिंह ट्रांसपोर्ट के ऊपर मध्यप्रदेश और छत्तसीगढ़ शासन का लाखों रूपये का कर बकाया है, बावजूद इसके परिवहन विभाग सहित पुलिस और प्रशासन कोई कार्यवाही नहीं कर रहा है, जिसके चलते वह वाहनों को गैर कानूनी तरीके से काटकर कबाड़ियों के हवाले सबूत मिटाने के लिए बेच रहा है। देखना यह होगा कि विभाग सहित पुलिस की नजर आखिर कथित कारोबारी पर कब पड़ती है।

जारी है वाहनों के काटने का खेल :

इतना सबकुछ हो जाने के बावजूद कथित व्यवसायी अपने कारिंदों के माध्यम से वाहनों की नियम विरूद्ध कटाई करवाकर कबाड़ियों के हवाले कर रहा है, जबकि बिना परिवहन विभाग के अनुमति के काटे नहीं जा सकते और उनके नंबर प्लेट और चेचिस परिवहन विभाग में जमा होना चाहिए, लेकिन ऐसा नहीं हो रहा, कबाड़ी भी चेचिस सहित वाहनों को खरीदने में कोई गुरेज नहीं कर रहे हैं।

लाखों की हेराफेरी :

सतकतार, के.के. माईनिंग व सिंह ट्रांसपोर्ट के ऊपर छत्तीसगढ़ के अलावा प्रदेश के भी परिवहन विभाग का लाखों रूपये का बकाया बाकी है, कुछ वाहन छत्तीसगढ़ में पंजीकृत हैं तो, कुछ वाहन प्रदेश के अन्य परिवहन कार्यालय में पंजीकृत हैं, अनूपपुर में 25 लाख के आस-पास का बकाया बाकी है, कथित कंपनी के संचालक ने लाखों रूपये की हेराफेरी करते हुए गैर कानूनी तरीके से वाहनों को कटवा दिया, लेकिन अभी तक जिम्मेदारों ने चुप्पी साध रखी है।

करतूतों पर कब पड़ेगी नजर :

देखना यह होगा कि गैर कानूनी तरीके से किये गये इस पूरे गोरखधंधे पर परिवहन विभाग के अलावा प्रशासन कब कार्यवाही करता है, वहीं जिन वर्दीधारियों ने बिना परिवहन विभाग के वैरीफिकेशन के वाहनों को छोड़ा दिया, उन पर कार्यवाही की क्या गाज गिरेगी, बताया गया है कि यह पूरा मामला राजधानी और परिवहन मुख्यालय ग्वालियर के साथ छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर सहित पंजीयन कार्यालय बिलासपुर पहुंच चुका है, बस अब कार्यवाही का इंतजार है।

सबूत खुद बने गवाह :

कोयला खदानों सहित कंपनी के यार्ड में कई वाहन कटे हुए पड़े है, मौके पर मौजूद सबूत, खुद ही गवाह बने हुए हैं कि कितने वाहन काट दिये गये हैं, लेकिन नौरोजाबाद पुलिस को यह सब दिखाई नहीं दे रहा, बताया गया है कि स्थानीय पुलिस के संरक्षण और महीने में मिलने वाली इंट्री के चलते स्थानीय पुलिस मौन है। पुलिस के संरक्षण से ही कोयला खदानों में यह वाहन नियम विरूद्ध दौड़ रहे थे,जिनका न तो टैक्स जमा था और न ही परमिट और न ही एमपी टैक्स की राशि जमा की गई थी, फिर भी पूरा खेल धड़ल्ले से चल रहा था।

इनका कहना है :

जल्द ही इस पूरे मामले पर जांच कर शिकंजा कसा जायेगा।

अनिमेष गढ़पाल, परिवहन अधिकारी, उमरिया

अगर इस मामले में किसी भी लापरवाही सामने आती है तो, उसके खिलाफ सख्त कार्यवाही की जायेगी, इस मामले की पूरी जांच होगी। 

श्रीमती रेखा सिंह, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, उमरिया

ताज़ा ख़बर पढ़ने के लिए आप हमारे टेलीग्राम चैनल को सब्स्क्राइब कर सकते हैं। @rajexpresshindi के नाम से सर्च करें टेलीग्राम पर।

Raj Express
www.rajexpress.co