व्यवस्थाओं पर रखें सतत निगरानी : सारंग
मंत्री सारंग ने की मेडिकल कॉलेजों के डीन से की चर्चाSocial Media

व्यवस्थाओं पर रखें सतत निगरानी : सारंग

भोपाल, मध्यप्रदेश : मंत्री सारंग ने की मेडिकल कॉलेजों के डीन से की चर्चा और दिए निर्देश। हर जिले में स्थापित हो चुका है कॉल सेंटर नंबर 1075।

भोपाल, मध्यप्रदेश। प्रदेश के चिकित्सा शिक्षा मंत्री विश्वास कैलाश सारंग ने कहा कि हर जिले में कोविड मरीजों के लिए 1075 कॉल सेंटर स्थापित किया गया है। श्री सारंग मंगलवार को मंत्रालय से प्रदेश के मेडिकल कॉलेजों के डीन से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से चर्चा कर रहे थे।

उन्होंने कहा कि मरीज के परिजन कॉल सेंटर पर कॉल कर शासकीय और अशासकीय अस्पतालों में खाली बिस्तर की स्थिति की जानकारी प्राप्त कर मरीज को भर्ती करवा सकते हैं। इस मौके पर अपर मुख्य सचिव मोहम्मद सुलेमान, आयुक्त चिकित्सा शिक्षा निशांत वरवडे और चिकित्सा शिक्षा संचालक डॉ. उल्का श्रीवास्तव उपस्थित थीं। श्री सांरग ने कहा कि डीन, अधीक्षक और हॉस्पिटल मैनेजमेंट प्रमुख व्यवस्थाओं की सतत निगरानी रखें। गंभीर मरीजों को आवश्यकता पडऩे पर ऑक्सीजन की उपलब्धता सुनिश्चित हो। कोरोना नियंत्रण एवं रोकथाम की व्यवस्था से जुड़े सभी अधिकारी लगातार संवाद बनाए रखें।

स्टाफ की पूर्ति के लिए जल्द देंगे ट्रेनिंग :

श्री सारंग ने कहा है कि मेडिकल कॉलेज आयुष, डेंटल और होम्योपैथी के डॉक्टर एवं पैरामेडिकल स्टॉफ को भी जल्द ही ट्रेंनिग देंगे। इससे अस्पतालों और केयर सेंटरों में स्टॉफ की कमी की पूर्ति हो सकेगी। उन्होंने कहा कि मेडिकल कॉलेज इस संकट से निपटने के लिए कुछ नवाचार भी करें और अवगत करवाए। उन्होंने एक मई से 18 की उम्र के ऊपर के लोगों को वैक्सीनेशन की आवश्यक तैयारियां करने के निर्देश दिए। विस्तृत निर्देश अलग से जारी किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा है कि ऑक्सीजन और मेडिकल की आवश्यकतानुसार डिमांड पहले से भेजें। साथ ही ऑक्सीजन टेंकर की सप्लाई स्टेशन से डंपिंग स्टेशन तक मैपिंग के लिए एक व्यक्ति की ड्यूटी लगाएं, जो लगातार उसकी मॉनीटरिंग करे।

अस्पतालों में हेल्प डेस्क बनाएं :

उन्होंने कहा कि कोरोना मरीज और उनके परिजनों के लिए अस्पतालों में होटलों के रिसेप्शन जैसा हेल्प डेस्क बनाएं, जिस पर उन्हें पूरी एक्टिविटी की जानकारी प्राप्त हो सके। उन्होंने कहा कि मरीज की उनके परिजनों से जूम/सीसीटीवी/वीडियो कॉलिंग के माध्यम से दिन में एक बार बात जरूर करवाएं, जिससे मरीज और उनके परिजन संतुष्ट हों। कोविड की गाइड-लाइन का पालन सुनिश्चित हो। मरीजों को अच्छा वातावरण मिल सके, इसकी हर संभव कोशिशें हो।

24 घंटे में मिले टेस्टिंग रिपोर्ट :

श्री सांरग ने कहा कि टेस्टिंग की रिपोर्ट 24 घंटे के अंदर प्राप्त हो, इसके लिए पोर्टल पर समय से डाटा एंट्री हो। उन्होंने कहा कि पूरी टीम बड़ी मेहनत से काम कर रही है, यह अच्छी बात है। इस संक्रमण एवं संकट के दौर में विभाग की जिम्मेदारी बढ़ी है, इसके लिए कोरोना मरीज की एडमिशन प्रक्रिया अस्पतालों में सुनिश्चित करने की जरूरत है।

ताज़ा ख़बर पढ़ने के लिए आप हमारे टेलीग्राम चैनल को सब्स्क्राइब कर सकते हैं। @rajexpresshindi के नाम से सर्च करें टेलीग्राम पर।

No stories found.
Top Hindi News Bhopal,Trending, Latest viral news,Breaking News - Raj Express
www.rajexpress.co