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हिरवारा में मिला शिशु
हिरवारा में मिला शिशु|Social Media
मध्य प्रदेश

नवजात को निर्दयी मां ने सड़क के किनारे छोड़ा, हिरवारा में मिला शिशु

हिरवारा, कटनी : कटनी के ग्राम हिरवारा में एक घटना सामने आई है 9 माह कोख में पालने के पश्चात एक कलयुगी निर्दयी मां ने नवजात शिशु को सड़क के किनारे भगवान भरोसे छोड़ दिया।

Priyanka Yadav

Priyanka Yadav

हाइलाइट्स :

  • 9 माह कोख में पालने के पश्चात निर्दयी मां ने नवजात को सड़क के किनारे छोड़ा

  • नवजात की खबर चाइल्ड लाइन के कार्यकर्ताओं को मिली

  • जिला चिकित्सालय के एनआरसी (NRC) में एक नवजात शिशु को भर्ती कराया

  • जानकारी के अनुसार नवजात बच्चे को सांस लेने में काफी तकलीफ

  • NRC में पदस्थ डॉक्टर और स्टाफ बच्चे की पूरी देखरेख में जुटे

राज एक्सप्रेस। कटनी के ग्राम हिरवारा में एक घटना सामने आई है जिसमे एक बार फिर मां की ममता शर्मसार हुई है, नवजात को जिस गोद में ममता की छांव मिलनी थी, उसे निर्दयी मां ने बच्चे को सड़क के किनारे छोड़ दिया। 9 माह कोख में पालने के पश्चात एक कलयुगी निर्दयी मां ने नवजात शिशु को सड़क के किनारे भगवान भरोसे छोड़ दिया। ममता को कलंकित करने वाली इस घटना से हर किसी का कलेजा पिघल गया।

हिरवारा में मिला नवजात

जानकारी के अनुसार ये खबर मंगलवार को समीपी ग्राम हिरवारा की बताई जाती हैं। ममता को कलंकित करने वाली इस घटना से हर किसी का कलेजा पिघल गया। रोड के सड़क किनारे रोते मिले नवजात शिशु को देख सड़क में चल रहे राहगीर रुक गए। नवजात शिशु की कराह सुन राहगीरों के कदम थम गए। लोगों ने बिना देर किए इसकी सूचना दी, जिसके बाद मौके पर चाइल्ड लाइन के कार्यकर्ताओं को जानकारी मिली, चाइल्ड लाइन को मिली जानकारी से चाइल्ड लाइन तुरंत नवजात को वहाँ से चिकित्सालय ले गई, जिसके बाद उन्होंने बच्चे को जिला चिकित्सालय के एनआरसी (NRC) में भर्ती कराया, जहां नवजात शिशु की हालत गंभीर बनी हुई।

जिला चिकित्सालय के डॉक्टर ने बताया :

जिला चिकित्सालय के सिविल सर्जन डॉक्टर सतीश शर्मा ने बताया कि मंगलवार की प्रातः जिला चिकित्सालय के एनआरसी (NRC) में एक नवजात शिशु को भर्ती कराया गया है जिसकी उम्र 1 दिन की है। प्रीमेच्योर डिलेवरी के कारण बच्चा काफी कमजोर है और उसका वजन भी बहुत कम है। डॉक्टर द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार नवजात अधिक कमजोर होने के कारण बच्चे को सांस लेने में काफी तकलीफ है। एनआरसी में पदस्थ डॉक्टर और स्टाफ नवजात शिशु की पूरी देखरेख में जुटे हुए हैं ताकि वह पूर्णत: स्वस्थ हो जाए।