देश के 110 करोड़ हिंदुओं से माफी मांगे कांग्रेस: पवैया
ग्वालियर, मध्य प्रदेश : हमारे नेताओं को षड्यंत्रकारी और चोर-डकैत कहकर बदनाम किया। हिंदू आस्था के खिलाफ षडयंत्र का पर्दाफाश हुआ।
देश के 110 करोड़ हिंदुओं से माफी मांगे कांग्रेस: पवैया
देश के 110 करोड़ हिंदुओं से माफी मांगे कांग्रेस: पवैयाSocial Media

ग्वालियर, मध्य प्रदेश। अयोध्या में विवादित ढांचा विध्वंस मामले में अदालत से बरी होने पर कोई खुशी और दुख का कारण नहीं है, लेकिन इस बात की खुशी है कि हिंदू आस्था के खिलाफ आजादी के बाद जो षडयंत्र चल रहा था, उसका पर्दाफाश हो गया है। पूरे 28 वर्षों तक हमारे नेताओं को बदनाम किया गया और कांग्रेस को इस कृत्य के लिए देश के 110 करोड़ हिंदुओं से माफी मांगनी चाहिए। यह कहना है भाजपा नेता जयभान सिंह पवैया का। श्री पवैया गुरुवार को लखनऊ की सीबीआई अदालत का निर्णय सुनने के बाद ग्वालियर आने के बाद मीडिया से बात कर रहे थे।

श्री पवैया ने कहा कि अदालत ने ऐतिहासिक निर्णय दिया है। यह ठीक उसी तरह महत्वपूर्ण है, जिसमें सुप्रीम कोर्ट ने अयोध्या की श्री रामजन्म भूमि के बारे में निर्णय दिया था। उन्होंने कहा कि 28 वर्षों तक हमारे नेताओं लालकृष्ण आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी और संतों को बदनाम किया गया और 13 दिनों तक जेल में रखा। घरों पर चोर-डकैतों जैसे छापामार कार्रवाई की गई। वहीं अब सीबीआई अदालत में एक भी फोटो व सबूत नहीं दे पाई।

उन्होंने कहा कि देश में एक ऐसा राजनीतिक गठबंधन है जो हिंदुओं को बदनाम करने के काम पर लगा हुआ है। जिस समय विवादित ढांचे का केस शुरू हुआ, उस समय देश में कांग्रेस की सरकार थी। अब अदालत का निर्णय आने के बाद कांग्रेस को देश के 110 करोड़ हिंदुओं से माफी मांगनी चाहिए और कहना चाहिए कि अब आगे से ऐसा काम नहीं करेंगे। कांग्रेस का एक षड्यंत्र अदालत का निर्णय आते ही बेनकाब हो गया है। अब कुछ लोग अदालत के निर्णय पर सवाल उठा रहे हैं और ऐसे लोग आगे अपील करने जाएंगे, लेकिन मुंह की खाएंगे, क्योंकि यह साबित हो गया कि दस्तावेज कूटरचित हैं। उन्होंने कहा कि किसी भी देश में पराभव की निशानियां नहीं होती हैं उनके लिए विधिसम्मत रास्ता खोजा जाएगा। इसकी उम्मीद है कि जिस प्रकार अयोध्या में श्री रामजन्म भूमि के लिए 500 वर्षों का संघर्ष चला और अब एक युग की समाप्ति हुई, वैसा लंबा संघर्ष नहीं होगा।

ताज़ा ख़बर पढ़ने के लिए आप हमारे टेलीग्राम चैनल को सब्स्क्राइब कर सकते हैं। @rajexpresshindi के नाम से सर्च करें टेलीग्राम पर।

Related Stories

Raj Express
www.rajexpress.co