आटा फैक्ट्री में खपाया जा रहा था दिल्ली, यूपी एवं मप्र पीडीएस का गेहूं
आटा फैक्ट्री में खपाया जा रहा था दिल्ली, यूपी एवं मप्र पीडीएस का गेहूंसांकेतिक चित्र

आटा फैक्ट्री में खपाया जा रहा था दिल्ली, यूपी एवं मप्र पीडीएस का गेहूं

ग्वालियर, मध्यप्रदेश : एसआर फूड आटा फैक्ट्री पर की गई कार्रवाई। प्रशासन ने छापा मारकर फैक्ट्री की सील, मौके पर नहीं मिला संचालक।

ग्वालियर, मध्यप्रदेश। गरीब एवं निराश्रित लोगों के लिए पीडीएस सिस्टम से जो गेहूं सरकार कन्ट्रोलों पर भेज रही है वह आटा फैक्ट्रियों में खपाया जा रहा है। यह कारोबार मप्र के अलाव दिल्ली एवं यूपी में खुले आम चल रहा है। मंगलवार को जब प्रशासन द्वारा बाराघाटा क्षेत्र में संचालित एसआर फूड आटा फैक्ट्री पर छापामार कार्यवाही की गई तो अधिकारी सन्न रह गए। फैक्ट्री में 50 क्विंटल से अधिक गेहूं बोरियों में भरा हुआ था और यह बोरियों मप्र, दिल्ली एवं यूपी पीडीएस की बताई गई। इन पर सील नहीं थी सिर्फ दिल्ली एवं यूपी फूड कॉर्पोरेशन लिखा हुआ था। यह गेहूं कहां से आया इस बात की जानकारी मौके पर मौजूद फैक्ट्री प्रबंधन के अधिकारी नहीं बता पाए। प्रशासन ने फैक्ट्री सील कर दी है और आटे के सैंपल ले लिए हैं।

जिला प्रशासन को सरकारी गेहूं के निजी आटा फैक्ट्रियों में खपाने की सूचना मिली थी। पुख्ता सूचना के बल पर मंगलवार को प्रशासन द्वारा बाराघाटा इंडस्ट्रियल एरिए में संचालित एसआर फूड एवं आटा फैक्ट्री पर कार्यवाही की। फूड एण्ड सेफ्टी विभाग के अभिहीत अधिकारी डिप्टी कलेक्टर संजीव खेमरिया के अनुसार फैक्ट्री का संचालन महेन्द्र यादव नामक व्यक्ति द्वारा किया जाता है। जब प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची तो संचालक की जगह सागर गुप्ता नामक व्यक्ति प्रबंधक के रूप में मिला। फैक्ट्री के अंदर 50 क्विंटल से अधिक गेहूं बोरियों में रखा मिला और इन बोरियों पर मप्र, दिल्ली एवं यूपी फूड कॉर्पोरेशन लिखा हुआ मिला। तहसीलदार कुलदीप दुबे ने फैक्ट्री को सील कर दिया और फूड ऑफिसर लोकेन्द्र सिंह एवं उनकी टीम ने आटे के सैंपल लिए। इतनी बड़ी मात्रा में पीडीएस का गेहूं फैक्ट्री में कैसे पहुंचा की जांच शुरू कर दी है। अगर अधिकारी सही तरीके से जांच करें तो राष्ट्रीय स्तर के घपले का खुलासा हो सकता है। हालांकि ऐसा होने से पहले ही कई कद्दावर लोगों के फोन अधिकारियों के पास आने शुरू हो गए हैं।

पहले भी हुई है कार्यवाही, नाम बदल कर फिर शुरू किया काम :

अधिकारियों के अनुसार बाराघाटा की इस फैक्ट्री पर पहले भी कार्यवाही हो चुकी है। पहले बालाजी फैक्ट्री के नाम से यहां काम चलता था और अब एसआर फूड के नाम से महेन्द्र यादव ने काम शुरू किया है। पहले जब कार्यवाही हुई थी तो फैक्ट्री में बालाजी, विंध्यांचल सहित कई ब्राण्डों के नाम से आटा पैक किया जाता था। इसमें 5,10, 20 एवं 50 किलो की पैकिंग की जा रही थी।

गंदगी में तैयार किया जा रहा था आटा :

फैक्ट्री में बहुत ही गंदे तरीके से पूरी प्रक्रिया का संचालन हो रहा था। कुछ खराब गेहूं भी दिख रहे थे और आटा भी सड़ा हुआ प्रतीत हो रहा था। यही वजह थी कि फूड ऑफिसरों को सैंपल लेने के लिए बुलाया गया। फैक्ट्री संचालन के लिए जो भी नियम बनाए गए हैं उनका पालन नहीं हो रहा था। एहतियात बरतते हुए पूरे फैक्ट्री परिसर को सील किया गया है।

गुलाब जामुन एवं छैना पाउडर के सैंपल लिए :

आगामी त्यौहारों को देखते हुए फूड एवं सेफ्टी विभाग द्वारा खाद्य पदार्थों के सैंपल लेना शुरू किया गया है। मंगलवार को फूड ऑफिसर अफसर सतीश शर्मा के नेतृत्व में विभागीय टीम ने ट्रांसपोर्ट नगर में गारगी फूडस के यहां कार्यवाही की। इस फैक्ट्री में संचालक पवन कुचिया ने बताया कि वह दूध भोग ब्राण्ड से गुलाब जामुन एवं छैना पाउडर का निर्माण करते हैं। टीम ने दोनों पाउडरों के सैंपल लिए।

इनका कहना है :

बाराघाटा इंडस्ट्रिल एरिए में एसआर फूड के नाम से आटा फैक्ट्री का संचालन किया जाता है। इस फैक्ट्री में छापामार कार्यवाही करने के दौरान 50 क्विंटल से अधिक पीडीएस में सप्लाई होने वाले गेहूं का स्टॉक मिला है। यह दिल्ली एवं यूपी से आया लग रहा है। इस मामले में खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग के माध्यम से जांच कराई जा रही है। वहां से जो रिपोर्ट मिलेगी उसके आधार पर आगे कार्यवाही करेंगे। फिलहाल फैक्ट्री को सील कर दिया है।

संजीव खेमरिया, डिप्टी कलेक्टर

ताज़ा ख़बर पढ़ने के लिए आप हमारे टेलीग्राम चैनल को सब्स्क्राइब कर सकते हैं। @rajexpresshindi के नाम से सर्च करें टेलीग्राम पर।

AD
No stories found.
Raj Express
www.rajexpress.co