उत्तर-पूर्व के कई राज्यों की धरती भूकंप के झटकों से डगमगाई
उत्तर-पूर्व के कई राज्यों की धरती भूकंप के झटकों से डगमगाईSocial Media

उत्तर-पूर्व के कई राज्यों की धरती भूकंप के झटकों से डगमगाई

उत्तर-पूर्व के कई राज्‍यों में भूकंप के जाेरदार झटकों ने हड़कंप मचाया है। इसके बाद प्रशासन अलर्ट हो गया और राहत-बचाव कार्य में जुट गया है।

बांग्लादेश, भारत। प्राकृतिक आपदाओं का कहर थम ही नहीं रहा है, बार-बार भूकंप के कारण कई राज्‍यों की धरती डगमगा रही है। अब आज सुबह-सुबह उत्तर-पूर्व के कई राज्‍यों में भूकंप के जाेरदार झटकों ने हड़कंप मचाया है।

इन राज्‍यों में महसूस हुए भूकंप के झटके :

बताया जा रहा है कि, भूकंप के बाद प्रशासन अलर्ट हो गया और राहत-बचाव कार्य में जुट गया है। भूकंप के झटके इन राज्यों त्रिपुरा, मणिपुर और असम समेत पश्चिम बंगाल में महसूस किए गए हैं। इसके अलावा कोलकाता में भी लोगों ने भूकंप के झटकों को महसूस किया। हालांकि, भूकंप से किसी भी तरह के जान-माल के नुकसान की खबर नहीं है, लेकिन भूकंप के बाद अफरा-तफरी माहौल जरूर देखा गया।

भूकंप का केंद्र एवं तीव्रता :

मिली जानकारी के अनुसार, भूकंप का केंद्र पड़ोसी देश बांग्लादेश के चटगांव में था, जो मिजोरम के थेनजोल से 73 किलोमीटर दक्षिणपूर्व (SE) में है। भारतीय समयानुसार भूकंप सुबह 5 बजकर 15 पर आया और इस दौरान भूकंप का केंद्र सतह से 12 किलोमीटर की गहराई में एवं भूकंप की तीव्रता रिक्टर स्केल पर 6.3 मापी गई है।

भूकंप की स्थिति में क्या करें, क्या न करें

  • भूकंप आने पर आप घर से बाहर हैं तो ऊंची इमारतों, बिजली के खंभों आदि से दूर रहें।

  • भूकंप के झटके महसूस बंद होने तक बाहर ही रहें।

  • यदि आप गाड़ी चला रहे हो तो गाड़ी को रोक लें और गाड़ी में ही बैठे रहें।

  • पुल या सड़क पर जाने से बचें।

  • भूकंप आने के वक्त यदि आप घर में हैं तो फर्श पर बैठ जाएं।

  • यदि आप घर से बाहर नहीं निकल सकते तो, घर के किसी कोने में चले जाएं।

  • घर में कांच, खिड़कियों, दरवाज़ों और दीवारों से दूर रहें।

  • भूकंप के समय लिफ्ट का इस्तेमाल करने से बचें।

क्यों आता है भूकंप :

भूकंप के बारे में आए दिन ही खबरें लगातार सामने आ रही हैं, किसी न किसी राज्य में भूकंप के झटके महसूस हो रहे हैं। ऐसे में बार-बार भूकंप के चलते मन में सवाल आता ही होगा कि, आखिर क्‍यों बार-बार भूकंप के झटके लग रहे हैं। दरअसल, धरती मुख्य तौर पर चार परतों से बनी होती है। इनर कोर, आउटर कोर, मैन्टल और क्रस्ट। क्रस्ट और ऊपरी मैन्टल कोर को लिथोस्फेयर कहते हैं। ये 50 किलोमीटर की मोटी परत कई वर्गों में बंटी हुई है, जिसे टैक्टोनिक प्लेट्स कहते हैं। ये टैक्टोनिक प्लेट्स अपनी जगह पर कंपन करती रहती हैं और जब इस प्लेट में बहुत ज्यादा कंपित हो जाती हैं, तो भूकंप के झटके महसूस होते हैं।

ताज़ा ख़बर पढ़ने के लिए आप हमारे टेलीग्राम चैनल को सब्स्क्राइब कर सकते हैं। @rajexpresshindi के नाम से सर्च करें टेलीग्राम पर।

Related Stories

No stories found.
Top Hindi News Bhopal,Trending, Latest viral news,Breaking News - Raj Express
www.rajexpress.co