जॉनसन के इस प्रोडक्ट से बढ़ा शख्स के स्तन का आकार, कंपनी को भरना पढ़ा जुर्माना
जॉनसन एंड जॉनसन (Johnson&Johnson) कंपनी पर हर्जानाSocial Media

जॉनसन के इस प्रोडक्ट से बढ़ा शख्स के स्तन का आकार, कंपनी को भरना पढ़ा जुर्माना

जॉनसन एंड जॉनसन (Johnson&Johnson) कंपनी का प्रोडक्ट इस्तेमाल करने से एक शख्स के स्तन का आकार बढ़ा। कंपनी को उस शख्स को 8 बिलियन डॉलर हर्जाना भरना पड़ा।

राज एक्सप्रेस। पिछले कुछ समय से अपने प्रोडक्ट को लेकर विवादों में रहने वाली अमेरिकन कंपनी जॉनसन एंड जॉनसन (Johnson&Johnson) एक बार फिर सुर्खियों में आई है। जॉनसन एंड जॉनसन के अंतर्गत काम करने वाली कंपनी जेनस्सेन फार्मास्यूटिका (Janssen Pharmaceutica) पर एक शख्स ने आरोप लगाया कि कंपनी द्वारा बनाई और बेची जा रही एंटीसायकोटिक ड्रग रिस्पेड्रल (Rispedral) का डोज़ लेने से उसके स्तन का आकार बढ़ गया। जिसके बाद फिलाडेल्फिया की ज्यूरी ने कंपनी पर 8 बिलियन डॉलर का जुर्माना लगाया है।

निकोल्स ने क्या कहा?

शिकायतकर्ता निकोल्स ने बताया कि 2003 के आस-पास वह एक मनोवैज्ञानिक से मिला था जिसने उसे बताया कि उसे ऑटिस्म स्पेकट्रम डिसआर्डर है। तब से वह रिस्पेड्रल (Rispedral) का डोज़ लेने लगा।

2015 में निकोल्स ने कंपनी पर मानहानी का दावा किया था, जिसमें उन्होंने तर्क दिया कि रिस्पेड्रल (Rispedral) के डोज़ से गायनेकोमास्टिया (gynecomastia) के खतरे की चेतावनी देने में कंपनी विफल रही है। ज्यूरी ने कंपनी को निकोल्स को 1.75 लाख डॉलर मुवाज़ा देने की बात कही। साल 2018 में इस केस में फिर सुनवाई हुई जिसमें मुआवज़े की रकम को घटाकर $680,000 कर दिया गया। लेकिन न्यायाधीश ने उस समय दंडात्मक हर्जाना देने से ज्यूरी को रोक दिया।

रिस्पेड्रल (Rispedral) सबसे ज्यादा बिकने वाला प्रोडक्ट

जॉनसन एंड जॉनसन (Johnson&Johnson) कंपनी का रिकोर्ड बताता है कि साल 2008 तक रिस्पेड्रल (Rispedral) ड्रग कंपनी के सबसे ज्यादा बिकने वाले प्रोडक्ट्स में से एक था।

जैनसेन फार्मास्युटिकल (Janssen Pharmaceutical) कई सालों से एंटीसायकोटिक रिस्पेड्रल (Rispedral) ड्रग का उत्पादन कर रही है। सन् 1993 में अमेरिका की खाद्य एंव औषधि प्रशासन ने इस ड्रग को सिजोफ्रेनिया (schizophrenia) और बाइपोलर डिसआर्डर (bipolar disorder) के इलाज में इस्तेमाल करने की मंजूरी दी थी।

कंपनी का दावा

जॉनसन एंड जॉनसन कंपनी अपनी अधिकारिक वेबसाइट पर कहती है कि खाद्य एवं औषधि प्रशासन से मंजूरी मिलने के बाद कंपनी उस दवाई या प्रोडक्ट के बारे में हेल्थ केयर प्रोफेशनल और रोगियों को उस दवाई के बारे में सटीक और नवीनतम जानकारी प्रदान करता है।

कंपनी ने बताया कि उन्होंने पिछले साल यानि 2018 में अमेरिका में 2.5 बिलियन डॉलर खर्च किए थे, इस खर्च में प्रोडक्ट की मार्केटिंग के अलावा हेल्थ केयर प्रोफेशल को दवाईयों के प्रभाव व दुष्प्रभाव की जानकारी देना भी शामिल है।

कंपनी पर कुल कितने केस दर्ज हैं?

जॉनसन एंड जॉनसन कंपनी पर कई मामले दर्ज हैं। हाल ही में उठे रिस्पेड्रल (Rispedral) ड्रग केस के बारे में बात करें तो कंपनी पर कुल 13,400 मामले दर्ज हैं, इनमें से 7000 मामले कोर्ट में पेंडिंग पड़े हैं।

ClassAction.com के अनुसार जे&जे कंपनी के खिलाफ रिस्पेड्रल (Rispedral) ड्रग से जुड़े कुल 80 मामले दर्ज हुए जिन्हें राशि देकर बंद करवा दिया गया।

फॉक्स ब्यूनेस न्यूज (Fox Buisness News) के अनुसार एंड्रयू याँट नाम के शख्स को कंपनी 70 मिलियन डॉलर का हर्जाना दे चुकी है। याँट का कहना था कि कंपनी न सिर्फ याँट को रिस्पेड्रल (Rispedral) ड्रग से उत्पन्न हो रही बीमारी के बारे में बताने में विफल रही थी बल्कि कंपनी ने उसे जुड़े सारे सबूत मिटा दिए थे।

कंपनी पर ये भी आरोप है कि वह 36 राज्य और कॉलम्बिया जिले में रिस्पेड्रल (Rispedral) ड्रग की अवैध मार्केंटिंग कर रही थी। इस के भी कई मामले दर्ज हुए हैं। तभी कंपनी ने इन मामलों को रफा-दफा करने के लिए 181 मिलियन डॉलर देने को तैयार थी।

ताज़ा ख़बर पढ़ने के लिए आप हमारे टेलीग्राम चैनल को सब्स्क्राइब कर सकते हैं। @rajexpresshindi के नाम से सर्च करें टेलीग्राम पर।

Related Stories

No stories found.
Top Hindi News Bhopal,Trending, Latest viral news,Breaking News - Raj Express
www.rajexpress.co